
रायपुर:क्या दोपहर में सूरज सिर के ठीक ऊपर हो और परछाई गायब हो जाए? क्या रागी, कोदो और बाजरा जैसे मोटे अनाज में मौजूद जैव-सक्रिय तत्व कैंसर रोधी दवाओं के विकास का आधार बन सकते हैं? राज्योत्सव में विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग की प्रदर्शनी इन रोचक सवालों के वैज्ञानिक पहलुओं और भविष्य की संभावनाओं से आम नागरिकों को रूबरू करा रही है।
प्रदर्शनी का प्रमुख आकर्षण सूरजपुर जिले के ग्राम मायापुर में कर्क रेखा पर प्रस्तावित एस्ट्रो साइंस सेंटर है। यहां ‘जीरो शैडो डे’ यानी शून्य छाया दिवस जैसी खगोलीय घटना को समझने का अवसर मिलेगा।
नवा रायपुर में प्रस्तावित साइंस सिटी की रूपरेखा के साथ अंतरिक्ष विज्ञान, रोबोटिक्स, कृत्रिम बुद्धिमत्ता, नवीकरणीय ऊर्जा और स्मार्ट सिटी जैसी आधुनिक तकनीकों को भी प्रदर्शित किया गया है।
सुशासन सरकार वैज्ञानिक सोच, अनुसंधान और तकनीकी नवाचारों को प्रोत्साहित कर छत्तीसगढ़ को ज्ञान, तकनीक और विकास के नए आयामों से जोड़ रही है।









