
रायपुर: श्री जगद्गुरु शंकराचार्य आश्रम के दण्डी स्वामी डॉ. इन्दुभवानन्द तीर्थ जी महाराज के द्वितीय चातुर्मास व्रत उपरांत सीमा उल्लंघन यात्रा आज शनिवार को राजधानी रायपुर के विभिन्न मार्गों से होते हुए माँ गोदावरी आनंदवन आश्रम पहुँची।
आनंद वन आश्रम में श्रद्धा एवं आध्यात्मिक वातावरण के बीच आचार्य धर्मेंद्र, महेंद्र, व दीपक तिवारी ने पादुका पूजन पूर्ण कराया। यात्रा के आश्रम पहुंचने पर गुरु परिवार एवं श्रद्धालुओं द्वारा दण्डी स्वामी जी महाराज का श्रद्धापूर्वक स्वागत एवं अभिनंदन किया गया।
यह जानकारी देते हुए आचार्य धर्मेंद्र महाराज ने बताया कि शनिवार को भगवती राजराजेश्वरी महात्रिपुर सुन्दरी ललिता प्रेमाम्बा के विधिवत पूजन के उपरांत द्वितीय चातुर्मास व्रत की सीमा उल्लंघन यात्रा राजधानी के विभिन्न मार्गों पचपेड़ी नाका, पुरानी बस्ती, लाखे नगर,टाटीबंध से होते हुए माँ गोदावरी आनंदवन आश्रम पहुँची।स्थान स्थान पर उनका भव्य स्वागत-अभिनंदन किया गया।
उन्होंने बताया कि आनंद वन में गुरु पादुका पूजन वैदिक विधि-विधान, मंत्रोच्चारण एवं धार्मिक परंपराओं के अनुसार संपन्न हुआ।महाराज श्री ने आर्शीवचन देते हुए कहा
चातुर्मास व्रत भारतीय सनातन परंपरा में विशेष आध्यात्मिक महत्व रखता है। इस अवधि में साधु-संतों द्वारा साधना, तप, स्वाध्याय एवं धार्मिक अनुष्ठानों के माध्यम से समाज में धर्म, संस्कार और आध्यात्मिक चेतना का संदेश दिया जाता है।
माँ गोदावरी आनंदवन आश्रम में दण्डी स्वामी जी महाराज के आगमन से गुरु परिवार एवं श्रद्धालुओं में विशेष उत्साह एवं श्रद्धा के वातावरण में डां मेघेश तिवारी, योगेश तिवारी,
जिलापंचायत अध्यक्ष योगेश तिवारी,नरसिंग चंद्राकर, मनीष तिवारी,डां सी पी सेन, डां संगीता सेन, संजय प्रजापति, हरिराम ,विनोद दक्षिणी ,लालू बर्मन, भूपेंद्र साहू, हृदय लाल साहू ,तुकाराम, जयप्रकाश गुप्ता,मनोज बर्थवाल , लक्ष्मी नारायण ,पुष्पा राठौड़, सविता बिना शर्मा,लक्ष्मी चौबे,सुधीरअग्रवाल,दिलीप,सिंह,संजय ,अजय,प्रियांशु,फागू सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालुभक्त गण शामिल थे।











