
रायपुर:राजधानी के कचहरी चौक स्थित ऐतिहासिक टाउन हॉल में जनसंपर्क विभाग द्वारा आयोजित सात दिवसीय छायाचित्र प्रदर्शनी का आज समापन हुआ। 15 से 21 अगस्त तक आयोजित इस प्रदर्शनी को नागरिकों, विद्यार्थियों और शिक्षकों का अच्छा प्रतिसाद मिला। प्रदर्शनी में छत्तीसगढ़ के स्वतंत्रता संग्राम, वीर सेनानियों के संघर्ष और बलिदान से लेकर ‘वंदे मातरम्’ की 150 वर्षों की गौरवशाली यात्रा तथा राज्य की विकास और सुशासन यात्रा को आकर्षक ढंग से प्रस्तुत किया गया।
इतिहास से नई पीढ़ी का जुड़ाव
इस प्रदर्शनी में स्वतंत्रता संग्राम से जुड़े दुर्लभ छायाचित्र, ऐतिहासिक दस्तावेज और महत्वपूर्ण प्रसंग प्रदर्शित किए गए। महात्मा गांधी के छत्तीसगढ़ प्रवास, स्वतंत्रता आंदोलन में प्रदेश के योगदान और वीर सेनानियों के संघर्ष को तस्वीरों के माध्यम से प्रस्तुत किया गया। विद्यार्थियों ने इन छायाचित्रों को उत्सुकता से देखा और कहा कि पुस्तकों में पढ़े इतिहास को तस्वीरों के माध्यम से देखना उनके लिए प्रेरणादायी अनुभव रहा।
‘वंदे मातरम्’ की 150 वर्षों की गौरवगाथा ने खींचा ध्यान
प्रदर्शनी में राष्ट्रगीत ‘वंदे मातरम्’ की 150 वर्षों की यात्रा पर विशेष खंड बनाया गया था। इसमें इसके ऐतिहासिक महत्व और स्वतंत्रता आंदोलन के दौरान राष्ट्रभावना जागृत करने में इसकी भूमिका को प्रदर्शित किया गया। इस खंड को विद्यार्थियों और युवाओं ने विशेष रुचि के साथ देखा।
एआई तकनीक से पर्यटन और विरासत का नया अनुभव
प्रदर्शनी में एआई तकनीक के माध्यम से छत्तीसगढ़ के पर्यटन एवं धार्मिक स्थलों की पृष्ठभूमि के साथ डिजिटल तस्वीर तैयार करने की सुविधा ने बच्चों और युवाओं को खासा आकर्षित किया। आधुनिक तकनीक के माध्यम से राज्य की समृद्ध सांस्कृतिक और पर्यटन विरासत से जुड़ने का यह अनुभव आगंतुकों के लिए नया और रोचक रहा।










