रायपुर:


रेशम उत्पादन एक ग्रामीण कृषि आधारित उद्योग है जो कि विश्व स्तर पर अपनाया जा रहा है। प्राकृतिक टसर रेशम कीट पालन ग्रामीण कृषकों के लिए उत्तम है, जो रोजगार का बेहतर अवसर प्रदान करते हुए आय में वृद्धि का एक जरिया साबित हो रहा है। कृषकों द्वारा टसर रेशम कीटपालन कर वर्ष में दो बार कोसा फल की फसल ली जाती है। कोसा फल उत्पादन से प्रति व्यक्ति आय में वृद्धि हो रही है
जशपुर जिले के फरसाबहार विकासखण्ड अंतर्गत पीपीसी केन्द्र सिंगी बिहार के 72 हेक्टेयर वन भूमि में रेशम विभाग द्वारा साजा, अर्जुना, टसर खाद्य पौधरोपण कराया गया है।








