रायपुर:.छत्तीसगढ़ युवा विकास संगठन संचालित विप्र कला,वाणिज्य एवं शारीरिक शिक्षा महाविद्यालय में शिक्षा विभाग के विद्यार्थियों ने डूमर तालाब से संलग्न बस्तीयों में जनमानस में पढ़ने की अभिरुचि के उद्देश्य से “किताब कुटिया” का संचालन किया ।
किताब कुटिया में बच्चों के साथ बड़े बुजुर्ग और महिलाओं ने भी पुस्तक पढ़ने का आनंद लिया। किताब कुटिया में बच्चों, युवा, बुजुर्गों के साथ महिलाओं के लिए भी किताबें हैं ।बच्चों ने कॉमिक्स बुक जैसे लोटपोट, चंपक, नंदन ,बाल भूमि सहित महात्मा गांधी, स्वामी विवेकानंद ,सुभाष चंद्र बोस जैसे महापुरुषों की जीवनी की किताबें पढ़ना पसंद किया ।बुजुर्गों ने अखंड ज्योति ,रामचरितमानस जैसे आध्यात्मिक पत्रिकाएं पढ़ने में तल्लीन रहे। महिलाओं ने गृह सभा, सहेली के साथ प्रेरक प्रसंग और आत्मा विकास पत्रिकाओं में रुचि दिखाई। इस अवसर पर प्राचार्य डॉ.मेघेश तिवारी ने किताबों से दोस्ती करने का संदेश देते हुए कहा कि किताबें पढ़ना मनुष्य होने की निशानी है। किताबें पढ़ने से दुनिया की जानकारी के साथ-साथ अनुभव प्राप्त होता है।विप्र महाविद्यालय सदैव सामाजिक सरोकार के अंतर्गत वर्षों से नवंबर माह में नवाचार किताब कुटिया का संचालन करती रही है। इस अवसर पर समस्त प्राध्यापको सहित बड़ी संख्या में विद्यार्थी उपस्थित थे।







