कोण्डागांव:


कोण्डागांव अपने आप में ढेरों प्राकृतिक संसाधनों के साथ अमूल्य सांस्कृतिक एवं पारम्परिक कलाओं को समेटे हुए है। यहां की संस्कृति और प्राकृतिक सौंदर्यता अपने आप में विलक्षण है। इन सभी संसाधनों से पूर्व में पूरा विश्व अनभिज्ञ था। जिले में पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए केन्द्रीय पर्यटन मंत्रालय के मार्गदर्शन में जिला प्रशासन द्वारा जिले में मावा कोंडानार पर्यटन सर्किट का विकास किया गया है। इस सर्किट के बन जाने से जिले में पर्यटकों की संख्या में बढ़ोत्तरी हुई है। जहां एक वर्ष में टाटामारी में 01 लाख से अधिक लोगों ने टाटामारी के विहंगम दृश्यों का आनंद लिया है। वहीं विदेशों से आये 50 से अधिक पर्यटकों ने यहां की सुंदरता का आनंद लिया है।









