
बेमेतरा:छत्तीसगढ़ माध्यमिक शिक्षा मंडल द्वारा घोषित 10वीं एवं 12वीं के परीक्षा परिणाम में सफल हुए सभी विद्यार्थियों को जिला पंचायत अध्यक्ष कल्पना योगेश तिवारी ने हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दी हैं।
उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों की यह सफलता उनकी मेहनत, लगन, अनुशासन और आत्मविश्वास का परिणाम है, जो उनके उज्ज्वल भविष्य की मजबूत नींव रखता है। अपने संदेश में कल्पना योगेश तिवारी ने कहा कि परीक्षा में सफलता प्राप्त करने वाले सभी छात्र-छात्राएं निरंतर इसी प्रकार मेहनत, अनुशासन और समर्पण के साथ आगे बढ़ते रहें तथा अपने जीवन में उच्च लक्ष्य निर्धारित करें। उन्होंने कहा कि आज के विद्यार्थी केवल अपने परिवार ही नहीं, बल्कि समाज और राष्ट्र की आशा एवं भविष्य हैं। उनकी लगन, धैर्य और कठिन परिश्रम ही उन्हें सफलता के इस मुकाम तक लेकर आया है, जो सराहनीय और प्रेरणादायक है।
उन्होंने विद्यार्थियों को प्रेरित करते हुए कहा कि शिक्षा वह सशक्त माध्यम है, जो व्यक्ति को आत्मनिर्भर, जागरूक और सक्षम बनाती है। आज के विद्यार्थी अपनी प्रतिभा, नवाचार और सकारात्मक सोच के माध्यम से देश के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं। उन्होंने कहा कि जिन विद्यार्थियों ने अच्छे अंक प्राप्त किए हैं, वे अपने ज्ञान का उपयोग समाजहित और राष्ट्र निर्माण में करें तथा दूसरों के लिए प्रेरणा बनें। उन्होंने उन विद्यार्थियों को भी विशेष रूप से संबोधित किया, जो इस बार सफलता प्राप्त नहीं कर सके हैं। उन्होंने कहा कि असफलता जीवन का अंत नहीं, बल्कि एक नई शुरुआत होती है। हार केवल एक पड़ाव है, मंज़िल नहीं। ऐसे विद्यार्थी निराश न हों, बल्कि पूरे आत्मविश्वास और नए उत्साह के साथ पुनः प्रयास करें। दृढ़ संकल्प, निरंतर अभ्यास और सकारात्मक सोच से सफलता अवश्य प्राप्त होती है। जिला पंचायत अध्यक्ष ने अभिभावकों, शिक्षकों एवं समाज के सभी वर्गों से भी आग्रह किया कि वे विद्यार्थियों का मनोबल बढ़ाएं और उन्हें सकारात्मक, प्रेरणादायक एवं सहयोगपूर्ण वातावरण प्रदान करें। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास में परिवार, गुरुजनों और समाज की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण होती है, जो उन्हें सही दिशा प्रदान करती है। कल्पना योगेश तिवारी ने सभी विद्यार्थियों के उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए कहा कि वे निरंतर प्रगति के पथ पर अग्रसर रहें, अपने सपनों को साकार करें और अपनी प्रतिभा, परिश्रम एवं संस्कारों के बल पर अपने परिवार, समाज, जिले और प्रदेश का नाम रोशन करें।









