बेमेतरा: विधानसभा क्षेत्र के ग्राम सिंगदेही में इकाई साहू संघ द्वारा आयोजित माँ कर्मा जयंती महोत्सव कार्यक्रम में भाजपा किसान नेता एवं सर्व हिंदू सनातन संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष योगेश तिवारी शामिल हुए।
योगेश तिवारी ने माँ कर्मा को श्रद्धापूर्वक नमन करते हुए क्षेत्रवासियों के सुख, समृद्धि और मंगलमय जीवन की कामना की कार्यक्रम के दौरान लोकगाथा पंडवानी की आकर्षक प्रस्तुति ने उपस्थित जनसमूह को भावविभोर कर दिया। कलाकारों ने अपनी मधुर वाणी और जीवंत प्रस्तुति के माध्यम से परंपरागत लोककथाओं को सजीव कर दिया, जिससे पूरा वातावरण उत्साह, श्रद्धा और सांस्कृतिक रंगों से सराबोर हो उठा। बड़ी संख्या में ग्रामीणजन, महिलाएं, युवा एवं बच्चे कार्यक्रम में शामिल होकर आयोजन का आनंद लेते नजर आए इस अवसर पर अपने विचार व्यक्त करते हुए योगेश तिवारी ने कहा कि माँ कर्मा जयंती केवल एक पर्व नहीं, बल्कि समाज की आस्था, श्रम, समर्पण और संस्कृति का प्रतीक है। ऐसे आयोजन हमें अपने पूर्वजों के आदर्शों को याद करने और उन्हें जीवन में अपनाने की प्रेरणा देते हैं। उन्होंने कहा कि समाज तभी आगे बढ़ता है जब वह अपनी परंपराओं और संस्कारों को संजोकर रखता है। उन्होंने आगे कहा कि लोककला और लोकगाथाएं हमारे समाज की आत्मा हैं, जिनके माध्यम से हमारी संस्कृति पीढ़ी दर पीढ़ी आगे बढ़ती है। पंडवानी जैसी लोक परंपराएं न केवल मनोरंजन का साधन हैं, बल्कि वे हमें इतिहास, संस्कृति और जीवन मूल्यों से भी जोड़ती हैं योगेश तिवारी ने कहा कि ऐसे सामाजिक एवं सांस्कृतिक आयोजन समाज में एकता, सहयोग और आपसी विश्वास को मजबूत करते हैं। यह मंच समाज के सभी वर्गों को एक साथ लाकर एक सकारात्मक और समरस वातावरण का निर्माण करता है। उन्होंने आयोजन समिति—इकाई साहू संघ एवं समस्त ग्रामवासियों को सफल आयोजन के लिए बधाई देते हुए कहा कि आप सभी के प्रयासों से ही इस प्रकार के भव्य कार्यक्रम संभव हो पाते हैं। उन्होंने सभी से आग्रह किया कि आने वाले समय में भी ऐसे आयोजनों को निरंतर आयोजित कर समाज को जोड़ने का कार्य करते रहें। कार्यक्रम में क्षेत्र के गणमान्य नागरिकों सहित दूरपत साहू सरपंच, जागेश साहू , नारायण साहू उपसरपंच, तीजिया बाई,अनीता बाई सतरूपा बाई, कृष्ण यादव, दिनेश साहू, गोविंद साहू ,चेतराम साहू,घनश्याम साहू विमल साहू ,विष्णु प्रसाद साहू, प्रेमलाल साहू, मुनेश्वर साहू, राजकुमार साहू, दाऊ राम साहू,बड़ी संख्या में ग्रामीणजन उपस्थित रहे। पूरे आयोजन में उत्साह, श्रद्धा और सांस्कृतिक गौरव का सुंदर वातावरण देखने को मिला, जिसने इस महोत्सव को यादगार बना दिया।










