रायपुर:मजबूत इरादे और भरपूर आत्मविश्वास से ग्रामीण महिलाओं के लखपति दीदी बनने का सपना साकार हो रहा है। एक समय था जब मेरे लिए स्कूटी चलाना भी संभव नहीं था, घर के कामकाज तक ही सीमित थी, लेकिन मुझे ड्रोन चलाने के लिए चयन किया गया। यकीनन मेरे के लिए एक बड़ा अवसर था, मैने यह कभी नहीं सोचा था कि ऐसा कोई काम कर पाउंगी, लेकिन प्रशिक्षण के बाद अब मैं ड्रोन चलाने के लिए प्रशिक्षित हो गई हूं। यह कहना है आरंग के ग्राम गुल्लू की पुष्पा यादव का।
श्रीमती यादव कहती है कि गांवों के खेतों में फसलों के ऊपर ड्रोन चलाकर कीटनाशक का छिड़काव कर रही हूं। अप्रैल माह में 20 दिनों का ड्रोन पायलेट का प्रशिक्षण पूरा करने के बाद श्रीमती यादव ने यह कार्य प्रारंभ किया है। वह कहती है कि प्रति एकड़ कीटनाशक के छिड़काव करने पर उन्हें 300 रूपए की आय होती है। विगत डेढ़ माह में ही वह 26 हजार रूपए की आय अर्जित कर चुकी है।








