रायपुर . प्रदेश के चित्रकार डॉ प्रवीण शर्मा को आंध्रप्रदेश की 98 साल पुरानी संस्था आंध्रा विश्वविद्यालय, विशाखापत्तनम द्वारा शाल,श्रीफल, स्मृति चिन्ह देकर प्रोफेसर एन. विजय मोहन,कार्यक्रम संयोजक एवं प्रोफेसर ए. पल्लवी ने संयुक्त रूप से ललित कलाओं में उल्लेखनीय कला सेवाओं हेतु सम्मानित किया।

चित्रकार डॉ प्रवीण शर्मा ,को आंध्र विश्वविद्यालय, विशाखापट्टनम द्वारा आयोजित 5 से 9 जनवरी तक आयोजित युवा भेरी नामक 37 वे दक्षिण क्षेत्रीय अंतर विश्वविद्यालय युवा महोत्सव- 2024 में निर्णायक के रूप में आमंत्रित किया गया
चित्रकला की 9 विधाओं (01.पon the spot painting, 02.clay modelling, 03.poster making 04.collage making, 05.rangoli 06.installation,07 cartooning, 08. Mahendiमें डॉ शर्मा ने बतौर निर्णायक भाग लिया।
इन 9 स्पर्धा में तीन राज्यों ( आन्ध्रप्रदेश,केरला, तमिलनाडु) के 108 विश्वविद्यालयों के 800 कलाकारों ने शिरकत की ,ललित कलाओं की 32 स्पर्धाओं (में से हर विधा से पांच प्रतिभागियों को पुरस्कार हेतु चयनित किया गया और उसमें से तीन प्रतिभागियों का चयन राष्ट्रीय स्तर की 2024 में पंजाब विश्वविद्यालय ,पंजाब में होने वाली युवा उत्सव स्पर्धा में भाग लेने हेतु उनका चयन समिति एआई यू,नई दिल्ली द्वारा गठित निर्णायक समिति किया गया।
इस स्पर्धा हेतु डॉ प्रवीण शर्मा(महाकोशल कला परिषद, रायपुर से)के , सुमन सिंह(ललित कला अकादमी से) एवं संगीता मिश्रा ,नईदिल्ली से निर्णायक समिति में ललित कलाओं की नव विधाओं हेतु सदस्य थे.और उन्हें आंध्रा विश्वविद्यालय, विशाखापट्टनम द्वारा सम्मानित किया गया । यहां यह उल्लेखनीय है की डॉ प्रवीण शर्मा चित्रकला के लिए समर्पित नाम है और लगातार कला के उत्थान के लिए निरंतर कार्य कर रहें हैं।









