रायपुर:छत्तीसगढ़ राजस्व पटवारी संघ के द्वारा अपनी 8 सूत्रीय मांगों के निराकरण के लिए दिनांक 15 मई 2023 से अनिश्चितकालीन आंदोलन किया जा रहा है और आज 25 दिनों के चल रहे आंदोलन को कुचलने के लिए सरकार ने पटवारी संघ के आंदोलन पर एस्मा लगा दिया है।
अजय तिवारी प्रांतीय संरक्षक छतीसगढ़ प्रदेश तृतीय वर्ग शासकीय कर्मचारी सघ ने धरना स्थल नया रायपुर तू ता में पटवारी साथियों को सम्बोधित करते हुऐ सरकार के इस दामनात्मक आदेश की निंदा करते हुए कहा कि लोकतंत्र में सभी समाज, संगठन को अपनी अपनी बात रखने का अधिकार है ।शासन को आंदोलन के पूर्व ज्ञापन/ नोटिस दिया जाता है, यदि सरकार सकारात्मक होती तो आंदोलन के पूर्व संगठन से चर्चा कर समाधान निकाल लेती, किंतु सरकार ने आंदोलन के पूर्व पटवारी संघ के साथ चर्चा नहीं की और ना ही इन 25 दिनों से चल रहे आंदोलन के दौरान चर्चा कर समस्याओं का समाधान करने का प्रयास किया !
उल्लेखनीय है कि किसी भी कर्मचारी संगठन एकाएक आंदोलन जैसा अप्रिय कदम नहीं उठाते हैं!
जब राज्य की जनता परेशान होने लगी तो कर्मचारियों की मांगों पर समाधान करने के बजाय उन्हें एस्मा लगाकर आंदोलन को दबाने का प्रयास किया जा रहा है इससे समूचे छत्तीसगढ़ के कर्मचारियों की मांगों पर कुठाराघात होगा तथा कर्मचारी और अधिक आक्रोशित होंगे। कर्मचारी नेता अजय तिवारी ने मांग की है कि राजस्व पटवारी संघ की मांगों पर सरकार सहानुभूति पूर्वक विचार कर आंदोलन को समाप्त करें। धरना स्थल मे एस्मा की प्रति जलाई गई ।










