
बेमेतरा:भगवान विश्वकर्मा जयंती के पावन अवसर पर ग्राम रेवे, कठिया एवं बहेरा में श्रद्धा, उल्लास और उत्साह के साथ विभिन्न धार्मिक एवं सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन किया गया।
इन आयोजनों में भाजपा किसान नेता एवं सर्व सनातन संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष योगेश तिवारी शामिल हुए। उन्होंने भगवान विश्वकर्मा की पूजा-अर्चना कर सभी ग्रामवासियों को जयंती की शुभकामनाएं दीं और क्षेत्र की सुख-समृद्धि एवं खुशहाली की कामना की। तीनों गांवों में संस्कृति कार्यक्रम आयोजित कार्यक्रमों में बड़ी संख्या में ग्रामीणजन, मातृशक्ति, युवा, किसान एवं समाज के लोग शामिल हुए। धार्मिक वातावरण के साथ सांस्कृतिक कार्यक्रमों का भी आयोजन किया गया, जिसमें स्थानीय कलाकारों एवं युवाओं ने उत्साहपूर्वक सहभागिता निभाई। भगवान विश्वकर्मा के जयकारों से पूरा वातावरण भक्तिमय नजर आया। इस अवसर पर अपने संबोधन में योगेश तिवारी ने भगवान विश्वकर्मा के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि भगवान विश्वकर्मा को देवशिल्पी के रूप में स्मरण किया जाता है। वे निर्माण, सृजन, शिल्प और तकनीकी कौशल के प्रतीक माने जाते हैं। भगवान विश्वकर्मा की पूजा हमें यह संदेश देती है कि समाज और राष्ट्र के निर्माण में मेहनत करने वाले प्रत्येक हाथ और अपने हुनर से कार्य करने वाले प्रत्येक व्यक्ति का महत्वपूर्ण योगदान है। उन्होंने कहा कि किसान खेतों में मेहनत करता है, कारीगर अपने हुनर से निर्माण करता है, मजदूर अपने श्रम से विकास की नींव मजबूत करता है और अलग-अलग क्षेत्रों में काम करने वाले लोग अपने कौशल से समाज को आगे बढ़ाते हैं। इसलिए भगवान विश्वकर्मा जयंती श्रम, कौशल, परिश्रम और सृजनशीलता के सम्मान का भी पर्व है। योगेश तिवारी ने भगवान विश्वकर्मा की कथा से मिलने वाले सामाजिक संदेश का उल्लेख करते हुए कहा कि समाज का विकास केवल सड़क, भवन, पुल और अन्य भौतिक निर्माण से नहीं होता। जब तक समाज में आपसी प्रेम, भाईचारा, सद्भावना और एकता कायम नहीं होगी, तब तक विकास को पूर्ण अर्थों में सफल नहीं माना जा सकता। उन्होंने कहा कि पंचायत से लेकर शहर, प्रदेश और देश तक विकास की मजबूत नींव के लिए सामाजिक एकता और आपसी विश्वास जरूरी है। उन्होंने कहा कि भगवान विश्वकर्मा की परंपरा हमें सृजन के साथ समाज को जोड़ने की प्रेरणा देती है। हमें अपने-अपने कार्यक्षेत्र में ईमानदारी और मेहनत के साथ आगे बढ़ने के साथ-साथ समाज में प्रेम और सद्भावना को भी मजबूत करना चाहिए। जब हर व्यक्ति अपने दायित्व को समझकर मेहनत करता है और एक-दूसरे का सम्मान करता है, तभी गांव और समाज वास्तविक प्रगति की ओर आगे बढ़ता है। इस दौरान उन्होंने विशेष रूप से मेहनतकश किसान, श्रमिक, कारीगर और युवा वर्ग को भगवान विश्वकर्मा जयंती की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि हर व्यक्ति अपने हुनर को पहचानकर आगे बढ़े और अपने कौशल के माध्यम से परिवार, समाज तथा राष्ट्र के निर्माण में योगदान दे। योगेश तिवारी जी ने तीनों गांवों में आयोजित कार्यक्रमों के लिए आयोजन समिति के सदस्यों एवं ग्रामवासियों को बधाई देते हुए कहा कि धार्मिक एवं सांस्कृतिक आयोजन हमारी परंपराओं को जीवित रखने के साथ समाज को एक मंच पर लाने का कार्य करते हैं। ऐसे आयोजनों में सभी वर्गों की सहभागिता सामाजिक एकता को और मजबूत करती है। कार्यक्रम के दौरान उपस्थितजनों ने भगवान विश्वकर्मा से सभी परिवारों में सुख-शांति, समृद्धि, खुशहाली एवं उन्नति की कामना की। रेवे, कठिया एवं बहेरा में आयोजित कार्यक्रमों में श्रद्धा के साथ-साथ सांस्कृतिक उत्साह भी देखने को मिला और ग्रामीणों ने बढ़-चढ़कर सहभागिता निभाई। ग्राम – रेवे जिला पंचायत सभापति अंजनी प्रीतम चंदेल, सरपंच पिंटू रघुवीर सिन्हा, केदार सिन्हा उपसरपंच,बोरिया सरपंच बीरेंद्र टंडन, राजू साहू बहेरा, लीलाराम साहू पूर्व जनपद सदस्य प्रतिनिधि, कामदेव सिन्हा, देवा साहू,हरिओम सिन्हा, भीखम सिन्हा, धनसिंग सिन्हा, त्रिलोक सिन्हा, ग्राम बहेरा रानी सिंह गायकवाड़ जनपद सभापति, सुनीता संतोष साहू, राजू साहू, वृंदा प्रसाद तिवारी, जेठू राम साहू, देव चरण पाल,हीरालाल धीवर, नेतराम साहू,गयाराम साहू,राजकुमार विश्कर्मा, लोकेश, राजेश, नागेश, देवलाल ,जगन्नाथ ,लीलाराम, चीतूराम ,राम ,पवन ,हितेश ,निलेश, संदीप, गजेंद्र चंद्रशेखर, ग्राम कठिया अध्यक्ष वीरू साहू, उपाध्यक्ष भीषण साहू, कोषाध्यक्ष अश्वनी मानिकपुरी, संरक्षक जीवन साहू, कोमल साहू रमेश साहू राजेश साहू सोनू साहू धनेश साहू राजू साहू लोकनाथ साहू संदीप साहू रामनाथ साहू सुनील साहू निखिल साहू अशोक साहू सुंदर यादव ताराचंद साहू किशन साहू राजेंद्र निषाद श्याम राम निषाद अनिल साहू गणेश सेठ जी जानू साहू सरपंच विराम बसंत साहू, हरलाल सिंह सरगुजा संभाग प्रभारी, रेवाराम निषाद पिछला वर्ग अध्यक्ष, उपसरपंच अशोक साहू,एवं ग्रामीण भगवान विश्वकर्मा की पूजा के साथ श्रम और हुनर का सम्मान, तथा प्रेम-भाईचारे और सद्भावना के संदेश के साथ तीनों गांवों में विश्वकर्मा जयंती समारोह उत्साहपूर्ण वातावरण में संपन्न हुआ।











