
रायपुर: राजधानी में रोज हो रही हत्यायें चिंताजनक है। प्रदेश कांग्रेस संचार विभाग अध्यक्ष सुशील आनंद शुक्ला ने कहा कि रायपुर कमिश्नरेट सहित प्रदेश में कोई भी कहीं भी सुरक्षित नहीं है। किसकी कब कहां हत्या हो जाये कहा नहीं जा सकता है। बिगड़ चुकी कानून व्यवस्था के कारण रायपुर शहर तो आदमियों की कत्लगाह बन चुका है। रायपुर में आदमी गाजर मूली की तरह काटे जा रहे है न सरकार को कोई चिंता है और न ही पुलिस को पुलिस केवल अपराध के आंकड़ो का झुठलाने और गृहमंत्री कोरी बयान बाजी में लगे हे।
प्रदेश कांग्रेस संचार विभाग अध्यक्ष सुशील आनंद शुक्ला ने कहा कि तीन साल पहले शांत और सुरक्षित राजधानी में 25 दिन में 16 मर्डर हो गये तथा पिछले 4 दिनों में गैंगवार के कारण 2 हत्याएं हो गयी। सरकार और पुलिस मूक दर्शक बनी हुई। कुछ दिन पहले राजधानी में महिला को रास्ते में रोक कर हत्या कर दी गई उसके बाद उसके शव के साथ दुष्कर्म हो गया। पिछले हफ्ते एक महिला के साथ एक दिन में दो बार गैंग रैप हो गया। राजनांदगांव के चिखली में एक व्यक्ति की घर में घुस कर हत्या हो गई। रायपुर में कमिश्नरी सिस्टम पूरी तरह फेल हो गया है।
प्रदेश कांग्रेस संचार विभाग अध्यक्ष सुशील आनंद शुक्ला ने कहा कि प्रदेश में हर दिन 6 हत्या, 8 बलात्कार की घटना हो रही है। सक्ती में एक युवती को उसके घर में घुसकर गोली मार दी गयी। इसके पहले कोरिया के सोनहत में चार व्यक्तियों को जिंदा जला दिया गया। जैजेपुर में दो भाइयों को घर में घुसकर गोली मार दिया गया। पेण्ड्रा के कोटमी बाजार में सराफा कारोबारी की गोली मारकर हत्या कर दी गई। प्रदेश में कोई जिला नहीं जहां पर रोज हत्या, लूट, बलात्कार, चाकूबाजी की घटना नहीं हो रही है। यह घटनाएं डरावनी है, सरकार कब मानेगी की कानून व्यवस्था की स्थिति खराब हो गयी है।
प्रदेश कांग्रेस संचार विभाग अध्यक्ष सुशील आनंद शुक्ला ने कहा कि प्रदेश में भाजपा की सरकार बनने के बाद 1 दर्जन से अधिक लोगों की गोली मारकर हत्या हुई। अकेले राजधानी में 8 गोली कांड हुआ, बिलासपुर, कोटमी-पेंड्रा गौरेला, दुर्ग में, राजधानी रायपुर में, मस्तुरी, जांजगीर-चांपा, जशपुर, कवर्धा में लोगों को सरेआम गोली मारकर हत्या हुई। राजधानी के हीरापुर में सरेआम बम से हमला होता है। राजधानी के बिरगांव में बम बनाया जा रहा था। पुलिस और सरकार अपराध रोकने में नाकाम साबित हो रहे।








