रायपुर:प्रधानमंत्री सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना ने आम उपभोक्ताओं की जिंदगी बदल दी है। पहले जहां लोग हर महीने भारी-भरकम बिजली बिल भरने को मजबूर थे, वहीं अब वही उपभोक्ता अपनी छत पर सोलर पैनल लगाकर खुद ऊर्जा पैदा कर रहे हैं और उनका बिजली बिल लगभग शून्य हो गया है। यह योजना न केवल उपभोक्ताओं के लिए राहत लेकर आई है, बल्कि ऊर्जा आत्मनिर्भरता की दिशा में देश को मजबूती भी दे रही है।
इस योजना में केन्द्र और राज्य सरकार दोनों की तरफ से सब्सिडी दी जा रही है। एक और दो किलोवाट क्षमता वाले सोलर प्लांट पर उपभोक्ताओं को 75 प्रतिशत तक की राशि सब्सिडी के रूप में मिल रही है। इससे प्लांट लगाने की लागत काफी कम हो गई है। साथ ही साथ बैंकों से आसान मासिक ईएमआई की सुविधा भी उपलब्ध है।
गरियाबंद जिले के उपभोक्ताओं ने इस योजना को अपनाकर सफलता की मिसाल कायम की है। उनका कहना है कि पहले बिजली बिल चुकाने की चिंता रहती थी, लेकिन अब बिजली बिल लगभग खत्म हो जाने से घर का खर्च भी काफी कम हो गया है और वे खुद को “ऊर्जादाता” मानते हैं। अब तक जिन उपभोक्ताओं का औसत मासिक बिजली बिल 1000 रुपये से अधिक आता था, वे अब अपनी छत से ही 25 साल तक मुफ्त बिजली प्राप्त कर सकेंगे। यही कारण है कि हॉफ बिजली बिल योजना का लाभ लेने वाले उपभोक्ता अब मुफ्त बिजली की ओर कदम बढ़ा रहे हैं।









