रायपुर:आर्थिक और सामाजिक सुरक्षा के साथ-साथ सशक्त बनाने में एक अहम भूमिका निभा रही है। इस योजना ने केवल महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाया है, बल्कि उनके जीवन में सकारात्मक बदलाव लाने का काम किया है। जिले के मनेन्द्रगढ़ विकासखंड के डंगौरा निवासी कृष्णा सिंह की प्रेरणादायक कहानी एक मिसाल बनकर उभरी है। उनकी दृढ़ता और मेहनत ने उन्हें एक सफल उद्यमी के रूप में स्थापित कर दिया है, आज कृष्णा सिंह “लखपति दीदी“ के नाम से जानी जाती हैं।
कृष्णा सिंह का प्रेरणादायक संघर्ष – कृष्णा सिंह का जीवन पहले आर्थिक तंगी और पारिवारिक जिम्मेदारियों के बीच संघर्ष में बीत रहा था। उनके परिवार की आय का कोई स्थायी स्रोत नहीं था, और परिस्थितियां बेहद कठिन था। इसी बीच उन्हें छत्तीसगढ़ राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन बिहान योजना के बारे में जानकारी मिली। उन्होंने इस योजना से जुड़ने का निर्णय लिया, जो उनके जीवन में एक महत्वपूर्ण कदम साबित हुआ।
बिहान योजना से मिली नई दिशा- बिहान योजना के अंतर्गत कृष्णा सिंह ने स्टेशनरी की एक छोटी सी दुकान की शुरूआत की। कठिन परिश्रम और अदम्य इच्छाशक्ति के कारण उनकी दुकान चल पड़ा और उनका आत्मविश्वास पहले से अधिक बढ़ गया। उनके लगातार बैंक से लेन-देन के कारण उनका क्रेडिट स्कोर भी बेहतर हुआ। इससे उन्होंने बैंक से लोन लेकर अपने व्यवसाय को और अधिक विस्तार किया। कृष्ण सिंह के प्रयास और बिहान योजना की सहायता से उनकी आर्थिक स्थिति में उल्लेखनीय सुधार हुआ।

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